Chhath Puja 2024: नहाय खाय से लेकर सूर्योदय अर्घ्य तक, छठ पूजा में इन चीजों को जरूर करें शामिल
छठ पूजा का महापर्व निष्ठा, समर्पण और पवित्रता के साथ सूर्य देव और छठी मैया की उपासना का प्रतीक है। इस पर्व के दौरान, चार दिनों तक कठोर नियमों का पालन किया जाता है, और भक्तगण व्रत रखकर सूर्य देव को अर्घ्य अर्पित करते हैं। यहां हम जानेंगे कि 2024 के छठ पूजा में कौन-कौन सी चीजों का महत्व है और किन चीजों को शामिल करना शुभ माना जाता है:
1. नहाय-खाय
छठ पूजा की शुरुआत नहाय-खाय से होती है। पहले दिन घर को साफ-सुथरा किया जाता है, और भक्त गंगा स्नान या किसी पवित्र नदी में स्नान करते हैं।
इस दिन कद्दू-भात का भोजन तैयार किया जाता है, जो सात्विक और शुद्ध होता है।
2. खरना
खरना छठ पूजा का दूसरा दिन है, जब दिनभर का व्रत रखा जाता है और शाम को गुड़ की खीर और रोटी का सेवन किया जाता है। इसके बाद व्रती निर्जला उपवास रखते हैं।
यह दिन पवित्रता और त्याग का प्रतीक है, और इस दिन के बाद से व्रत की कठिनाई और बढ़ जाती है।
3. संध्या अर्घ्य
तीसरे दिन संध्या अर्घ्य का आयोजन होता है। इस दिन व्रती नदी या तालाब किनारे सूर्यास्त के समय अर्घ्य अर्पित करते हैं।
इस अर्घ्य में ठेकुआ, फल, गन्ना, नारियल, और दीप जलाकर सूर्य देव की पूजा की जाती है। महिलाएं और पुरुष दोनों इस पूजन में भाग लेते हैं और सूर्य देव को अर्घ्य अर्पित करते हैं।
4. सूर्योदय अर्घ्य
चौथे दिन का सूर्योदय अर्घ्य छठ पूजा का अंतिम और महत्वपूर्ण चरण है। इस दिन व्रती उदित होते सूर्य को अर्घ्य अर्पित करते हैं।
इस अर्घ्य में भी ठेकुआ, नारियल, गन्ना, सूप, और दीप का प्रयोग होता है। माना जाता है कि इस पूजा से सूर्य देव की कृपा से संतान, सुख-समृद्धि और स्वास्थ्य की प्राप्ति होती है।
5. आवश्यक सामग्री और पूजा सामग्री
छठ पूजा में ठेकुआ, गन्ना, नारियल, फल, दीया, सूप, कच्चा दूध, पान, और सुपारी जैसी सामग्री का विशेष महत्व होता है।
इन चीजों को पूजा में शामिल करना न केवल परंपरा का हिस्सा है बल्कि आध्यात्मिक और धार्मिक महत्व भी रखता है।
छठ पूजा के दौरान इन चीजों को सही तरीके से शामिल करने से पूजा का संकल्प सफल होता है और छठी मैया
और सूर्य देव की कृपा प्राप्त होती है।



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